राशि में ग्रह
मकर (मकर) में गुरु: अर्थ और फल
गुरु मकर में नीच के हैं: उनकी सबसे कमज़ोर राशि। उनके विषयों में अधिक मेहनत लगती है, हालाँकि बलवान शनि या उच्च ग्रह द्वारा नीचभंग इसे बड़ी शक्ति में बदल सकता है।
| बल (अवस्था) | नीच (कमज़ोर) |
|---|---|
| स्वामी | शनि |
| तत्व | पृथ्वी |
| स्वभाव | चर |
| गोचर | गुरु अगली बार 5 मार्च 2032 से 12 अगस्त 2032 तक मकर में होंगे। |
आपकी कुंडली में मकर में गुरु
गुरु मकर में नीच के हैं: उनकी सबसे कमज़ोर राशि। उनके विषयों में अधिक मेहनत लगती है, हालाँकि बलवान शनि या उच्च ग्रह द्वारा नीचभंग इसे बड़ी शक्ति में बदल सकता है।
गुरु ज्ञान, संतान, धन और सौभाग्य के कारक हैं। मकर में ये विषय राशि का रंग लेते हैं: मकर चंद्र गंभीर, अनुशासित और महत्वाकांक्षी मन देता है।
पृथ्वी राशि में गुरु व्यावहारिक, स्थिर और भौतिक तरीके से काम करते हैं।
हर लग्न के लिए मकर में गुरु
| लग्न | भाव | स्वामी भाव |
|---|---|---|
| मेष | भाव 10 (करियर, पद और कर्म) | भाव 9, 12 के स्वामी |
| वृषभ | भाव 9 (भाग्य, धर्म, पिता और उच्च शिक्षा) | भाव 8, 11 के स्वामी |
| मिथुन | भाव 8 (आयु, रहस्य और अचानक घटनाएँ) | भाव 7, 10 के स्वामी |
| कर्क | भाव 7 (विवाह और साझेदारी) | भाव 6, 9 के स्वामी |
| सिंह | भाव 6 (शत्रु, ऋण, स्वास्थ्य और सेवा) | भाव 5, 8 के स्वामी |
| कन्या | भाव 5 (संतान, बुद्धि और रचनात्मकता) | भाव 4, 7 के स्वामी |
| तुला | भाव 4 (घर, माता और सुख) | भाव 3, 6 के स्वामी |
| वृश्चिक | भाव 3 (साहस, भाई-बहन और पराक्रम) | भाव 2, 5 के स्वामी |
| धनु | भाव 2 (धन, परिवार और वाणी) | भाव 1, 4 के स्वामी |
| मकर | भाव 1 (स्वयं, शरीर और व्यक्तित्व) | भाव 3, 12 के स्वामी |
| कुम्भ | भाव 12 (व्यय, विदेश और मोक्ष) | भाव 2, 11 के स्वामी |
| मीन | भाव 11 (लाभ, आय और मित्र) | भाव 1, 10 के स्वामी |
कोई भी एक स्थिति अकेले नहीं पढ़ी जाती: राशि, दृष्टि, युति, दशा और पूरी कुंडली परिणाम बदलते हैं।
अपनी कुंडली में देखें कि गुरु कहाँ हैं और क्या कर रहे हैं।
मेरी कुंडली बनाएँअक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या मकर में गुरु शुभ है?
गुरु मकर में नीच के हैं: उनकी सबसे कमज़ोर राशि। उनके विषयों में अधिक मेहनत लगती है, हालाँकि बलवान शनि या उच्च ग्रह द्वारा नीचभंग इसे बड़ी शक्ति में बदल सकता है।
मकर में गुरु का क्या अर्थ है?
गुरु ज्ञान, संतान, धन और सौभाग्य के कारक हैं। मकर में ये विषय राशि का रंग लेते हैं: मकर चंद्र गंभीर, अनुशासित और महत्वाकांक्षी मन देता है।
गुरु मकर में कब होंगे?
गुरु अगली बार 5 मार्च 2032 से 12 अगस्त 2032 तक मकर में होंगे।